Thursday, May 14, 2026
Home देहरादून संगीत में न कोई राग और न कोई द्वेश सिर्फ "देश" ।...

संगीत में न कोई राग और न कोई द्वेश सिर्फ “देश” । बता रहे है अध्येत्ता निकोलस

संगीत में न कोई राग और कोई द्वेश सिर्फ “देश”

Raag Desh by nicolas
Raag Desh by nicolas

दून पुस्तकालय एवं शोध केन्द्र की ओर से संस्थान के सभागार में गुरूवार, दिनांक 31 अगस्त, 2023 को पाश्चात्य एवं हिन्दुस्तानी संगीत के जानकार श्री निकोलस हाॅफलैण्ड द्वारा अपराह्न 5 बजे ‘‘ रागदेश की आवाज” पर एक विडियो व्याख्यान दिया गया।

अपने व्याख्यान के माध्यम से उन्होंने राग देश के विविध रूपों को वीडियो क्लिप के माध्यम से बेहतरीन तरीक़े से प्रस्तुत कर उन रागों की खासियत व प्रकार के बारे में उपस्थित कोगों सहज रूप से जानकारी देने का प्रयास किया। इस दौरान लोगों ने वीडियो के माध्यम से राग देश पर आधारित विविध गीतों के गायन के श्रवण का आनन्द उठाया। खासकर आम लोगों और युवा वर्ग को इस शास्त्रीय राग के इस अनुपम संगीत रूपों की प्रारंभिक जानकारी प्राप्त हुई।
राग देश के तथ्यों में इसकी उत्पत्ति का पता उत्तर भारतीय शास्त्रीय संगीत परंपरा से लिया जा सकता है। भारतीय शास्त्रीय संगीत के कई अन्य रागों की तरह यह राग भी देश सदियों से प्राचीन संगीत प्रथाओं, वैदिक मंत्रों और क्षेत्रीय लोक संगीत से विकसित हुआ है। राग देश एक पारंपरिक भारतीय शास्त्रीय राग है, जो किसी विशिष्ट व्यक्ति द्वारा रचित नहीं है।
लोकप्रिय राग देश पर कुछ लोकप्रिय फिल्मी गीत भी बने हैं इनमें फिल्म शहीद का ऐ वतन ए वतन और फिल्म गुलामी का जागृति के दाता गीत जन-जन में लोकप्रिय रहे हैं। राग देश देश के प्रति देशभक्ति और भक्ति की भावना को प्रेरित करता है।भारत का राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम भी राग देश पर आधारित है।

Raag Desh by nicolas
Raag Desh by nicolas

यह बात उल्लेखनीय है कि दून पुस्तकालय एवम शोध केंद्र द्वारा समय-समय पर गीत-संगीत की तमाम विषयों और उनकी विविध श्रेणियों से रू-ब-रू कराने के प्रयास किये जा रहे हैं।
आज के कार्यक्रम के दौरान मदन मोहन चड्ढा, संजीव शर्मा,विजयशंकर शुक्ल, प्रेम पंचोली, बिजू नेगी, दीपा कौशलम, सुंदर सिंह बिष्ट, विजय बहादुर, डॉ.मनोज पँजानी सहित संगीत और कला में रूचि रखने वाले प्रबुद्वजन, पुस्तकालय के युवा पाठक, साहित्यकार व अनेक लोग उपस्थित रहे।

………………………………………….

दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र, लैंसडाउन चौक, देहरादून, मो.न-9410919938

RELATED ARTICLES

फूलचंद नारी शिल्प मंदिर गर्ल्स इंटर कॉलेज में अत्याधुनिक स्टेम लैब का उद्घाटन, विज्ञान एवं नवाचार को मिलेगा नया आयाम

फूलचंद नारी शिल्प मंदिर गर्ल्स इंटर कॉलेज में अत्याधुनिक स्टेम लैब का उद्घाटन, विज्ञान एवं नवाचार को मिलेगा नया आयाम। स्पार्क टेक्नोलॉजीज , स्पेक्स एवं...

शास्त्रीय और उप-शास्त्रीय संगीत संध्या का आयोजन

शास्त्रीय और उप-शास्त्रीय संगीत संध्या का आयोजन।   By - Prem Pancholi ।।13 मई, 2026 ,देहरादन।। दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र में भारत के लोक सेवा प्रसारक...

कथाकार राम प्रकाश अग्रवाल ‘कण’ की एक और कृति पाठकों के बीच

कथाकार राम प्रकाश अग्रवाल ‘कण’ के कथा संग्रह ‘मां जिसकी गोद में सभ्यताएं पलीं’ का लोकार्पण दून पुस्तकालय एवं शोध केन्द्र देहरादून के सभागार...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Latest Post

यात्रा संस्मरण : जब यायावर डॉ० अरुण कुकसाल मिले जखोली की डॉ० आशा से।

जीवन के आघातों से जूझकर हासिल की कामयाबी-डा. आशा। Dr. Arun kuksal श्रीनगर, रुद्रप्रयाग, तिलवाड़ा, मयाली से होकर जखोली पहुँचा हूँ। ‘जखोली (समुद्रतल से ऊँचाई लगभग...

फूलचंद नारी शिल्प मंदिर गर्ल्स इंटर कॉलेज में अत्याधुनिक स्टेम लैब का उद्घाटन, विज्ञान एवं नवाचार को मिलेगा नया आयाम

फूलचंद नारी शिल्प मंदिर गर्ल्स इंटर कॉलेज में अत्याधुनिक स्टेम लैब का उद्घाटन, विज्ञान एवं नवाचार को मिलेगा नया आयाम। स्पार्क टेक्नोलॉजीज , स्पेक्स एवं...

शास्त्रीय और उप-शास्त्रीय संगीत संध्या का आयोजन

शास्त्रीय और उप-शास्त्रीय संगीत संध्या का आयोजन।   By - Prem Pancholi ।।13 मई, 2026 ,देहरादन।। दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र में भारत के लोक सेवा प्रसारक...

कथाकार राम प्रकाश अग्रवाल ‘कण’ की एक और कृति पाठकों के बीच

कथाकार राम प्रकाश अग्रवाल ‘कण’ के कथा संग्रह ‘मां जिसकी गोद में सभ्यताएं पलीं’ का लोकार्पण दून पुस्तकालय एवं शोध केन्द्र देहरादून के सभागार...

ट्राइकोग्रामा एक उत्तम प्राकृतिक खेती की तकनीकी। पढ़े पूरी रिपोर्ट

ट्राइकोग्रामा एक सूक्ष्म परजीवी ततैया है जो हानिकारक कीड़ों के अंडों पर हमला करता है। यह लगभग 200 प्रकार के नुकसानदायक कीटों के अंडों...

स्मृति शेष : बलदेव सिंह आर्य -उत्तराखंड में शिल्पकार पहचान

बलदेव सिंह आर्य -उत्तराखंड में शिल्पकार पहचान   By - Vinod Arya   सामाजिक न्याय, शिल्पकार चेतना और समानता के महान अग्रदूत बलदेव सिंह आर्य जी (12 मई...

वरिष्ठ साहित्यकार राम प्रकाश अग्रवाल कण की पुस्तक का लोकार्पण।

पुस्तक लोकार्पण "मॉं जिसके गोद में सभ्यताएं पलीं" लेखक - राम प्रकाश अग्रवाल कण, प्रकाशन - समय साक्ष्य (देहरादून)   By - Neeraj Naithani ।।   लैंसडाउन चौक स्थित...

तुलसी माला को लेकर क्यों विरोध कर रहे हैं बद्रीनाथवासी? पढ़े पूरी रिपोर्ट

By - Sanjana bhagwat   बद्रीनाथ धाम में तुलसी माला को लेकर बामणी गांव के लोगों द्वारा किया जा रहा विरोध केवल एक व्यापारिक विषय नहीं,...

12 मई विशेषांक : शिल्पकारों के उत्थान के लिए लड़ते रहे बलदेव सिंह आर्य।

‘जातीय जड़ता जाने का जश्न मनायें’। उत्तराखण्ड के शिल्पकार वर्ग में सामाजिक-शैक्षिक चेतना के अग्रदूत बलदेव सिंह आर्य (12 मई, 1912 से 22 दिसम्बर, 1992)...

अक्टूबर में होगा फिल्म पुरुस्कार समारोह : उफ्तारा

अक्टूबर में होगा फिल्म पुरुस्कार समारोह। फिल्म परिषद का कार्यालय शीघ्र। सी.ई.ओ. बंशीधर तिवारी का उफतारा ने जताया आभार। दूरदर्शन और संस्कृति विभाग को...