Monday, June 29, 2026
Home उत्तराखंड छात्रों के लिए खुशखबरी, योग्यता एवं नौकरी की जरूरत के अनुसार अब...

छात्रों के लिए खुशखबरी, योग्यता एवं नौकरी की जरूरत के अनुसार अब खुद-ब-खुद बॉयोडेटा पहुंचेगा कंपनी तक 

नई तकनीक के प्रति छात्रों में भारी रुझान

अब नौकरी दिलाने में मददगार बनेगा एआई

देहरादून। अब छात्रों को नौकरी दिलाने में मददगार बनेगा एआई। यूटीयू ने एआई आधारित स्मार्ट प्लेसमेंट एंड इंटर्नशिप सॉफ्टवेयर डेवलप किया है, जिससे खुद-ब-खुद छात्रों की योग्यता एवं नौकरी की जरूरत के अनुसार उनके बॉयोडेटा कंपनी तक पहुंच जाएंगे। इसमें एआई छात्रों के बॉयोडेटा में की-वर्ड को सर्च करेगा और फिर उसी के अनुरूप संबंधित कंपनियों को जानकारी देगा। इस नई तकनीक के प्रति छात्रों में भारी रुझान देखने को मिल रहा है।

वीर माधो सिंह भंडारी उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय (यूटीयू) ने गत 8 अप्रैल को स्मार्ट प्लेसमेंट ऑटोमेशन सिस्टम लांच किया है। जो एआई तकनीक आधारित है। यह यूटीयू के छात्रों के लिए निशुल्क है, वहीं अन्य निजी संस्थानों के छात्रों से वनटाइम 1000 रुपये रजिस्ट्रेशन शुल्क लिया जाएगा।
इसके बाद छात्रों को लाॅगिन, पासवर्ड मिलेगा। जिसके जरिए छात्र अपना बॉयोडेटा व अन्य जानकारी अपलोड करेंगे। इसके बाद साफ्टवेयर का ऑटोमेशन सिस्टम छात्र की योग्यता के अनुसार सिस्टम में रजिस्टर्ड कंपनियों को बॉयोडेटा भेज देगा। इसके बाद कंपनी और छात्र एक दूसरे से संवाद कर सकते हैं। छात्र कंपनियों के हिसाब से भी अपने बॉयोडेटा को तैयार कर सॉफ्टवेयर में अपलोड कर सकेंगे। यह नौकरी के साथ ही इंटर्नशिप के भी अवसर प्रदान करेगा।

500 कंपनियां और 1200 छात्र हो चुके हैं रजिस्टर्ड

कुछ दिनों में ही सॉफ्टवेयर पर विवि के 1200 छात्र रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं। जबकि 500 से ज्यादा कंपनियां भी रजिस्टर्ड हो चुकी है। साफ्टवेयर की खूबी यह है कि इसमें हर समय कितने नौकरी के अवसर हैं और कितनों को नौकरी मिल चुकी है, उसका आकड़ा और ग्राफ जारी होता रहेगा।

तकनीकी संस्थानों की सहमति के बाद किया गया लांच

इस प्लेटफार्म में शामिल होने के लिए विवि की ओर से पिछले साल सितंबर माह में विभिन्न संस्थानों की बैठक लेने के बाद सहमति प्राप्त की गई। साफ्टवेयर व्यू में कंपनियों की संख्या और उनमें रिक्त पद, आवेदन करने वाले छात्रों की संख्या, ऑफर और सबसे अधिक और सबसे कम पैकेज आदि का सभी ब्योरा डिस्प्ले होगा।

स्मार्ट प्लेसमेंट ऑटोमेशन सिस्टम को लांच कर दिया गया है। इससे छात्रों को प्लेसमेंट में भारी सुविधा होगी। प्राइवेट संस्थानों के छात्रों को संबंधित संस्थान के निदेशक के माध्यम से सूचना देनी होगी। जिसके बाद उन्हें भी इस सुविधा का लाभ मिलेगा। – प्रो. ओंकार सिंह, कुलपति

RELATED ARTICLES

अतीत का प्रतिशोध नहीं लिया जा सकता, उसे केवल समझा जा सकता है : IAS शशि रंजन कुमार

By - Prem Pancholi ।। अतीत हमारी स्मृतियों में, खंडहरों में, और उन तरीकों में जीवित रहता है जिनसे वह आज भी हमारे अस्तित्व को...

सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर्स को उत्तराखंड फिल्म विकास परिषद से लेनी पड़ेगी अनुमति

चारधाम यात्रा की गरिमा, सुरक्षा और शुचिता बनाए रखने हेतु सोशल मीडिया कंटेंट निर्माण के संबंध में शासन से दिशा निर्देश जारी हुए हैं।...

देहरादून : धामी कैबिनेट की बैठक संपन्न, खास विषयों पर त्वरित निर्णय

।। राज्य कैबिनेट ने कुल 12 प्रस्तावों को दी मंजूरी ।। उत्तराखंड संस्कृत शिक्षा संशोधन नियमावली-2026 को मंजूरी दी, जिसके तहत संस्कृत विद्यालयों की मान्यता,...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Latest Post

एथलीट संदीप गुसाई बना उत्तरकाशी विधिक सेवा प्राधिकरण एंबेसडर

जनसामान्य में नशा उन्मूलन, विधिक जागरूकता, सामाजिक उत्थान एवं खेलों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, उत्तरकाशी द्वारा संदीप गुंसाई...

अतीत का प्रतिशोध नहीं लिया जा सकता, उसे केवल समझा जा सकता है : IAS शशि रंजन कुमार

By - Prem Pancholi ।। अतीत हमारी स्मृतियों में, खंडहरों में, और उन तरीकों में जीवित रहता है जिनसे वह आज भी हमारे अस्तित्व को...

सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर्स को उत्तराखंड फिल्म विकास परिषद से लेनी पड़ेगी अनुमति

चारधाम यात्रा की गरिमा, सुरक्षा और शुचिता बनाए रखने हेतु सोशल मीडिया कंटेंट निर्माण के संबंध में शासन से दिशा निर्देश जारी हुए हैं।...

देहरादून : धामी कैबिनेट की बैठक संपन्न, खास विषयों पर त्वरित निर्णय

।। राज्य कैबिनेट ने कुल 12 प्रस्तावों को दी मंजूरी ।। उत्तराखंड संस्कृत शिक्षा संशोधन नियमावली-2026 को मंजूरी दी, जिसके तहत संस्कृत विद्यालयों की मान्यता,...

इतिहास के पन्नो से : अपना दायां अंगूठा दिखाना चाहिए और हम दिखायेंगे भी – दादा दौलतराम खुगशाल

By - dr. Arun Kuksal   दादा दौलतराम खुगशाल (मार्च, 1891- 3 फरवरी, 1960) टिहरी रियासत के विरुद्ध जन-संघर्षों का अग्रणी व्यक्तित्व- ‘‘आज तक राजा ने हमको पढ़ने-लिखने...

जिलाधिकारी के शख्त निर्देश, कहा आपदा के दौरान सभी विभाग बनायें समन्वय

जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जनपद देहरादून में आगामी मानसून एवं संभावित आपदा परिस्थितियों के दृष्टिगत आपदा प्रबंधन संबंधी...

जब वरिष्ठ पत्रकार चारू तिवारी ने वैज्ञानिक डी० डी० पंत को देखा

सुप्रसिद्ध भौतिकशास्त्री और हिमालय के चिंतक प्रो. डीडी पंत की पुण्यतिथि (11 जून, 2008) पर विशेष हमारे हिस्से के प्रो. डीडी पंत - चारु तिवारी By...

केतन लाल की निर्मम हत्या की चहुंओर चर्चा, समाज पर बड़ा कलंक।

By - Prem Pancholi   सोशल मीडिया पर जिस तरह से प्रतापनगर के ओण पट्टी के देवल गांव निवासी अनुसूचित जाति के किशोर केतन लाल की...

आपदाओं के प्रभाव को न्यूनतम करने के लिए सरकारी वर्जिश

वैज्ञानिक योजना, कुशल प्रशासन और समयबद्ध निर्णय प्रक्रिया के जरिए आपदाओं के प्रभाव को न्यूनतम करने का प्रयास किया जा रहा है।” उन्होंने कहा कि...

पर्यावरण दिवस : पद्मश्री प्रेमचंद शर्मा ने किया कृषि अनुसंधान संस्थान में वृक्षारोपण

विश्व पर्यावरण दिवस पर IATR देहरादून में पौधारोपण एवं गोष्ठी का आयोजन। पद्मश्री प्रेम चंद शर्मा ने छात्रों को मोरिंगा और पंच पल्लव के...