Sunday, September 13, 2026
Home उत्तराखंड केदारनाथ में सत्ता का घमासान शुरू

केदारनाथ में सत्ता का घमासान शुरू

केदारनाथ विधानसभा का उप चुनाव होने जा रहा है। तीथि तय नही है। पर राजनीतिक दल अभी से कमर कसने लग गये है।

aishwariya rawat 1
aishwariya rawat 1

केदारनाथ की विधायक शैलारानी रावत की मृत्यु के बाद खाली हुई केदारनाथ विधान सभा में होने वाले उप चुनाव की तैयारी में भाजपा और कांग्रेस जुट गई है। जबकि उतराखण्ड क्रान्ती दल के पास कोई खास जनाधार नहीं है मगर वह भी इस चुनावी समर में गोते लगाने के लिए आतुर दिख रहे है। हाल यह है कि इन पार्टीयो में खांटी और कद्दावार नेता सभी उम्मीदवारी जताना चाहते है। हालांकि कुछ नेता सीधे मीडिया के मार्फत इजहार कर चुके हैं और कुछ नेता अपनी अपनी पार्टी फोरम पर उम्मीदवारी का आवेदन कर चुके है। इस तरह केदारनाथ विधानसभा उप चुनाव में कौन होगा आगामी विधायक यह कहना थोड़ा कठीन है। पर यहां मैं बता दूं कि भाजपा काग्रेस और उतराखण्ड क्रांती दल में मौजूद बड़े बड़े धुरन्धर नेता इस बार अपनी किस्मत जरूर अजमायेंगे।

Aashutosh bhandari 1
Aashutosh bhandari 1

अब यह देखना होगा कि राजनीतिक पार्टीयां किसको चुनाव मैदान में उतारती है। यह भी समय के गर्त में है। फिलहाल केदारनाथ की विधायक स्व॰ शैलारानी रावत की बेटी ऐश्वर्य रावत कह चुकी है कि उसे राजनीति विरासत में मिली है। वह भाजपा की सक्रीय कार्यकर्ता भी है। भाजपा में कुछ माह पहले शामिल हुए व्यवसायी और निर्दलीय चुनाव लड़ चुके कुलदीप रावत भी केदारनाथ उप चुनाव में फिर से अपनी दमदार दावेदारी बता रहे है। जबकि भाजपा से महिला मोर्चा की अध्यक्ष आशा नौटियाल भी इस बार के उप चुनाव को चूकना नहीं चाहती है।

kedarnath me satta ka ghamashan
kedarnath me satta ka ghamashan

इधर कांग्रेस में भी खूब घमासान होने के आसार दिख रहे है। पूर्व विधायक मनोज रावत कांग्रेस के प्रबल दावेदार बताये जा हैं। किन्तु हाल ही में पूर्व मंत्री डा॰ हरक सिंह रावत भी कांग्रेस के बैनर पर चुनावी मैदान में उतरने का बयान दे गये है। इस तरह गाहे बगाहे उतराखण्ड क्रांती दल भी क्यों पीछे रहेगा। यूकेडी ने भी डा॰ आशुतोष भण्डारी पर दाव लगाना उचित समझा है। अन्य पार्टीया अभी चुपी साधे हुए है।

यहां कयास लगाये जा रहे हैं कि भाजपा में केदारनाथ उपचुनाव के लिए दो धड़े सामने आ रहे है। एक धड़ा साहनुभूति के नाम पर लोगों से मतदान करवाना चाहते है। इसलिए वे केदारनाथ की विधायक स्व॰ शैलारानी रावत की बेटी ऐश्वर्य रावत को मैदान में उतारेंगे। एक धड़ा कह रहा है कि इस उप चुनाव में सक्रीय और पुराने कार्यकर्ताओं में से किसी को इस उप चुनाव में मौका दिया जायेगा।


इसी तरह कांग्रेस में भी डा॰ हरक सिंह रावत के बयान आने के बाद संकट पैदा हो गया है। कांग्रेस में भी दो धड़े सामने आ रहे है। एक धड़े का नेतृत्व कर रहे पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के पसंदीदा उम्मीदवार केदारनाथ के पूर्व विधायक मनोज रावत है। जबकि दूसरा धड़ा डा॰ हरक सिंह रावत को पुष्ट कर रहा है। सूत्रो के हवाले से बताया गया कि जिस नेता की गांधी परिवार से नजदिकी होगी उसी नेता का चहेता इस उप चुनाव में किस्मत अजमायेगा।
इससे अधिक स्पष्टता भाजपा की दिख रही है। आरएसएस के पसंदीदा कार्यकर्ता ही इस उपचुनाव में प्रतिभागी होगा। जो भी हो, इतना तो तय है कि यहां कांग्रेस व भाजपा में टक्कर नहीं है बल्कि आरएसएस और गांधी परिवार में टक्कर आमने सामने दिखाई दे रही है।
अभी हाल ही में हुए चुनावो में धार्मिक प्रतिष्ठाानो के नाम से प्रचलित विधानसभा और लोक सभा की सीटों पर भाजपा को हार का सामना देखना पड़ा है। हिन्दू का अकेले राग अलापने वाली भाजपा इन दिनो उन जगहो पर मात खा रही है जो हिन्दूओं के धार्मिक स्थल है। यह सवाल देशभर में खड़ा हो गया है कि क्या भाजपा हिन्दूओ का बेसुरा राग गा रही है। यदि यह बेसुरा राग केदारनाथ विधानसभा के उप चुनाव में सामने आया तो एक बार भाजपा को फिर से अपना मूल्यांकन करना होगा।

यही हाल कांगेस के है। कांग्रेस में केदारनाथ उप चुनाव को लेकर जो दरारे दिख रही है, यदि इस चुनाव में वे नहीं पाटी गई तो कांग्रेस भी किसी खतरे से खाली नहीं है।

कुल मिलाकर जनता का रूझान इस बार कुछ और दिखाई दे रहा है। धड़ेबाजी, जातिवाद और धर्म के नाम से ऊपर उठकर जो चुनाव में मैदान में होगा वही केदारनाथ का नेतृत्व करेगा।
वैसे भी केदारनाथ विधानसभा का अपना इतिहास रहा है। केदारनाथ आपदा के दौरान भाजपा ने कांग्रेस की जो पोल खोली उससे जनता ने इत्तिफाक न रखते हुए अपने अनुसार मतदान किया है। इस बार तो केदारनाथ मंदिर और चर्चाओ में है। कोई सोना चोरी करने वाले का खुलासा करेगा तो कोई केदारनाथ यात्रा की अव्यवस्थाओं पर मुखर रहेगा। जो भी हो, केदारनाथ विधानसभा के उप चुनाव की अब तक कोई तीथि तय नहीं हुई है। पर राजनीतिक दल अभी से बयानबीर बनने लग गये है।

RELATED ARTICLES

हर स्कूल का बनेगा आपदा प्रबंधन प्लान : सरकार

हर स्कूल का बनेगा आपदा प्रबंधन प्लान यूएसडीएमए की शिक्षा विभाग के साथ बैठक में बनी रणनीति चेतावनी-सूचना से लेकर खोज-बचाव तक की...

हवाई यात्रा का एक खास अनुभव साझा कर रहे है संयुक्त निदेशक सूचना एवं लोक संपर्क विभाग डॉ० नितिन उपाध्याय

By - Dr. Nitin upadhyay अगर आप कनेक्टिंग फ्लाइट्स पकड़ते हैं और हब एंड स्पोक्स मॉडल नहीं जानते तो ये पोस्ट आपके लिए है। बनारस...

कॉन्क्लेव की सहभागिता से राज्य में फिल्म निर्माण के साथ फिल्म टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा – श्री चौहान

चेन्नई में आयोजित ‘इंडिया इंटरनेशनल फिल्म टूरिज्म कॉन्क्लेव में उत्तराखंड फिल्म नीति की हुई सराहना तमिल फिल्म इंडस्ट्री ने दिखाई उत्तराखण्ड में फिल्मांकन...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Latest Post

हर स्कूल का बनेगा आपदा प्रबंधन प्लान : सरकार

हर स्कूल का बनेगा आपदा प्रबंधन प्लान यूएसडीएमए की शिक्षा विभाग के साथ बैठक में बनी रणनीति चेतावनी-सूचना से लेकर खोज-बचाव तक की...

हवाई यात्रा का एक खास अनुभव साझा कर रहे है संयुक्त निदेशक सूचना एवं लोक संपर्क विभाग डॉ० नितिन उपाध्याय

By - Dr. Nitin upadhyay अगर आप कनेक्टिंग फ्लाइट्स पकड़ते हैं और हब एंड स्पोक्स मॉडल नहीं जानते तो ये पोस्ट आपके लिए है। बनारस...

कॉन्क्लेव की सहभागिता से राज्य में फिल्म निर्माण के साथ फिल्म टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा – श्री चौहान

चेन्नई में आयोजित ‘इंडिया इंटरनेशनल फिल्म टूरिज्म कॉन्क्लेव में उत्तराखंड फिल्म नीति की हुई सराहना तमिल फिल्म इंडस्ट्री ने दिखाई उत्तराखण्ड में फिल्मांकन...

सरस्वती ताल और केदारताल का होगा वैज्ञानिक सर्वे, वैज्ञानिको का दल रवाना

सरस्वती ताल और केदारताल के लिए दल रवाना सचिव आपदा प्रबंधन ने दिखाई हरी झंडी मुख्यमंत्री तथा आपदा प्रबंधन मंत्री ने दी शुभकामनाएं प्रदेश...

जल प्रबंधन को मिलेगा आधुनिक तकनीक का वैज्ञानिक आधार – MIKE Hydro Basin सॉफ्टवेयर

जल संसाधन प्रबंधन में आधुनिक तकनीक का नया अध्याय—MIKE Hydro Basin पर राष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ देशभर से 400 से अधिक विशेषज्ञ,...

डिजिटल युग में उत्तराखंड की लोकसंस्कृति और पॉप कल्चर पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ

डिजिटल युग में उत्तराखंड की लोकसंस्कृति और पॉप कल्चर पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ https://www.facebook.com/janmanchaajkal?locale=hi_IN हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय के हिंदी एवं आधुनिक भारतीय...

Shaurya and Legacy of Karmaveer Jayanand Bharti Remembered on the 94th Anniversary of Pauri Kranti Diwas

Shaurya and Legacy of Karmaveer Jayanand Bharti Remembered on the 94th Anniversary of Pauri Kranti Diwas By - Prem Pancholi The Shail Shilpi Vikas Sangathan organized...

समाधान दिवस पर 120 शिकायतें दर्ज, त्वरित निस्तारण की प्रक्रिया आरम्भ – जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान

जनसमस्याओं के त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के उद्देश्य से सोमवार को कलेक्ट्रेट परिसर स्थित ऋषिपर्णा सभागार में समाधान दिवस आयोजित किया गया। जिलाधिकारी डॉ....

झीलें कुछ समय के लिए दिखाई देती हैं, स्वतः समाप्त हो जाती हैं।

गंगोत्री ग्लेशियर क्षेत्र में दिखाई देने वाली छोटी हिमनदीय झीलों से तत्काल बड़े खतरे की स्थिति नहीं-वाडिया मीडिया में प्रसारित खबरों के संबंध में यूएसडीएमए...

आयोग से दिए जाने वाले आदेशों का पालन सुनिश्चित करें अधिकारी : मुकेश कुमार

आयोग से दिए जाने वाले आदेशों का पालन सुनिश्चित करें अधिकारी : मुकेश कुमार उत्तराखंड अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष श्री मुकेश कुमार की अध्यक्षता...